भारत में अंधविश्वासों के बीच पली-बढ़ी मोहिनी की कहानी जो बचपन से ही भूत-प्रेत की बातों से डरती थी। शादी के बाद एक हादसे के बाद उसके ससुराल में उसे लेकर कई बातें होने लगती हैं। गाँव के बाबा को बुलाया जाता है पर मोहिनी इसके खिलाफ होती है। तब उसकी बचपन की मित्र ईशा जो अब IAS अफसर है उसकी मदद के लिए आगे आती है। क्या ईशा मोहिनी को इस डर और अंधविश्वास से बचा पाएगी?