विश्व साहित्य के इतिहास में महान् कथाकार शरतचन्द्र चट्टोपाध्याय का नाम अजर व अमर है। इन्होंने अपना तमाम साहित्य बंगला भाषा में लिखा जिसका अनुवाद विश्व की लगभग सभी प्रमुख भाषाओं में हुआ। इनका साहित्य इतना अधिक लोकप्रिय हुआ कि इन्हें विश्व साहित्य का पुरोधा मान लिया गया। शरतचन्द्र ने अपने साहित्य में भारतीय समाज की परम्पराओं और मान्यताओं को उनके आदर्शों सहित यथार्थ रूप में स्पष्ट चित्रित किया है। उन्होंने अपने जीवन में अनेक उपन्यासों व कहानियों का सृजन किया जो इतने वर्ष बीत जाने के बाद आज भी अत्यन्त लोकप्रिय हैं।<br>शरतचन्द्र की प्रत्येक कहानी में कोई न कोई शिक्षा छिपी रहती है। ये कहानियां भारतीय नैतिक मूल्यों के मानदंडों पर खरी उतरती हैं क्योंकि इन कहानियों का ताना-बाना अलग-अलग नैतिक मूल्यों को आधार बनाकर बुना गया है। शरतचन्द्र द्वारा लिखित समस्त कहानियों का मन्थन करके जिन सर्वश्रेष्ठ कहानियों का चयन किया गया है उन्हें ही इस संकलन में स्थान दिया गया है। आशा ही नहीं पूर्ण विश्वास है कि प्रस्तुत संकलन हिन्दी के सुधी पाठकों को अवश्य ही रुचिकर लगेगा।