Ek Krantikari Sangthan Aryasmaj

About The Book

स्वामी दयानंद जी महाराज के आदर्शों को लेकर जब आर्य समाज आगे बढ़ा तो उसे हर क्षेत्र में आशातीत सफलता प्राप्त हुई। इसका कारण यह था कि उसने वेदों के आदर्श को और वेदों की आदर्श सामाजिक राजनीतिक और धार्मिक व्यवस्था को अंगीकार कर लिया था। एक क्रांतिकारी संगठन ने क्रांति पुरुषों का निर्माण किया। क्रांति वीरों की टोलियां सजी और सर्वत्र क्रांति की लहर फैल गई।<br>पुस्तक में जहां आर्य समाज के गौरवशाली अतीत की ओर संकेत किया गया है वहीं कुछ ऐसे छेदों की ओर भी संकेत किया गया है जो आज को बोझिल और भविष्य को चोटिल कर रहे हैं।
Piracy-free
Piracy-free
Assured Quality
Assured Quality
Secure Transactions
Secure Transactions
Delivery Options
Please enter pincode to check delivery time.
*COD & Shipping Charges may apply on certain items.
Review final details at checkout.
downArrow

Details


LOOKING TO PLACE A BULK ORDER?CLICK HERE