श्रीधर की 25 हिंदी कविताओं का अनूठा संग्रह है ‘एक मुठठी लकीरें’। इनमें राजनैतिक सामाजिक मुद्दों के अलावा मानवीय संवेदनाओं की गहनता है। ‘अमर उजाला काव्य’ और विभिन्न साहित्यिक डिजिटल पत्रिकाओं में श्रीधर की ग़ज़लें और कविताएं आम हैं। कविताओं में जहाँ विकृतियों पर कटाक्ष होता है वहीं सहज श्रृंगार की शैली भी रोचक होती है।