उपेंद्रनाथ अश्क का यह उपन्यास वर्षो से एक चर्चित रचना रही है। इसमें एक अत्यंत मार्मिक कहानी दी गई है जो हरेक पाठक को भावनाओं के समुद्र में ले जाकर खड़ा कर देती है। वास्तव में यह कहानी इतनी मार्मिक है कि इस उपन्यास की नायिका से पाठक को अपना निज का संबंध सा लगने लगता है।.