यह उपन्यास एक गाँव हास्यपुर में घटने वाली घटनाओं एवं गाँव की सबसे सुंदर लड़की तितली के स्वयंवर की कथा को बड़े हास्य एवं व्यंग्य से दर्शाता है। तितली का स्वयंवर गाँव में सबके लिए आकर्षण का केंद्र बन जाता है यह स्वयंवर किस हद तक सफ़ल होता है और कौन जीतता है तितली के पिता महाकंजूस तोताराम की शर्त यह जानने के लिए पढ़े ''एक स्वयंवर ऐसा भी''।