पंकज के. सिंह भारत के प्रतिष्ठित लेखकों एवं विचारकों में सम्मिलित हैं जिन्होंने राष्ट्रीय महत्त्व से जुड़े अनेक महत्त्वपूर्ण विषयों पर शोधपूर्ण मौलिक लेखन किया है। भारत की विदेश नीति पर्यावरण स्वच्छता तथा अन्य सामाजिक महत्त्व के विषयों पर इनकी लिखित पुस्तकें ''स्वच्छ भारत समृद्ध भारत'' ''द ऑनली वे टू मेक इंडिया ग्रेट'' ''वी आर विकॉज ऑफ यू'' ''क्रियेशन ऑफ न्यू इंडिया'' तथा भारतीय विदेश नीति'' बेहद लोकप्रिय रही हैं। सामाजिक समरसता के विषय पर आधारित इनकी पुस्तक ''पाखंडमुक्त भारत'' संपूर्ण भारत में चर्चा और विमर्श का केंद्र रही है।प्रशासनिक चिंतक और आर्थिक मामलों के जानकार पंकज के. सिंह की पूर्व प्रकाशित पुस्तकों ''समर्थ भारत'' ''भारत का अब तक का सबसे बड़ा आर्थिक सुधार-जीएसटी'' संपूर्ण भारत में विद्यार्थियों और नीति निर्धारकों में बेहद लोकप्रिय रही है। ''समर्थ भारत'' पुस्तक में भारत को वैश्विक महाशक्ति के रूप में स्थापित करने हेतु एक विस्तृत रोडमैप प्रस्तुत किया गया है।पंकज के. सिंह ने देश की शिक्षा व्यवस्था पर गहन अध्ययन किया है। देश की शिक्षा प्रणाली के प्रत्येक बिंदु पर गंभीर अध्ययन प्रस्तुत करती इनकी पुस्तक ''जैसी शिक्षा वैसा देश'' पूरे देश में चर्चा का विषय रही है।प्रस्तुत पुस्तक में इंद्रेश जी के उदात्त जीवन-दर्शन को सहज रूप में प्रस्तुत किया गया है। विगत पांच दशकों से अनवरत संघ कार्य करते हुए एक प्रचारक के रूप में इंद्रेश जी ने अनेक नूतन मौलिक और समाजोपयोगी संगठनों सेवा प्रकल्पों और आंदोलनों को गति प्रदान की है। इंद्रेश जी द्वारा प्रारंभ किए गए एक दर्जन से अधिक संगठन आज देश की सुरक्षा अंता और नागरिक निर्माण की दिशा में उल्लेखनीय कार्य कर रहे हैं। इन संगठनों से देश के लाखों नागरिक जुड़े हुए हैं। ''राष्ट्ररक्षा सर्वोपरि राष्ट्ररक्षा सर्वप्रथम'' के भाव को लेकर चलने वाले इंद्रेश जी का जीवन स्वयं साहस निष्ठा और समर्पण का प्रतिबिंब है।.