ये पुस्तक ''मैं अक्सर लिखता नहीं'' विशाल सरकार की पहली कृति है। वे फिटनेस साइंसेस में मास्टर ट्रेनर होने के साथ-साथ योगा इंस्ट्रक्टर भी हैं जो वेटलिफ्टिंग स्पर्धा में ओलंपिक खेलकर भारत के लिए पदक जीतने का सपना भी रखते हैं। दो नावों की सवारी करना कहां तक ठीक है जायज है ये तो वक्त ही बताएगा.... मगर सपने देखते हुए... एक हारा हुआ आदमी जो जीतना चाहता है ऐसी खासियत रखते हैं और कुछ इस तरह वो हाथों में बाहुबल और दिल-ओ-दिमाग में जज्बात रख कर... इक अनूठी शख्सियत होने की खुद में मिसाल पेश करते हैं।.