मोहब्बत किस चिड़िया का नाम है किसी इंसान को तब तक पता नहीं चलता जब तक उसे किसी चेहरे से मुहब्बत ना हो जाए। एक बार सच्ची मोहब्बत दिल में उतर जाए तो समझो आदमी खुद के वजूद को ही भूल जाता है। वह कौन है? कैसा है? क्या है? कितना है? सब एक चेहरे में सिमट जाता है। जिसको कभी किसी से मोहब्बत नहीं हुई है वे लोग कृपया इस किताब से दूर रहें। आप जाएं पहले किसी से बेपनाह मोहब्बत करके आएं। किसी की यादों में खुद के वजूद को मिटा के आएं। तभी ये किताब आपके दिल की प्यास बुझाएगी।