पाँच फूल – प्रेमचन्द की पाँच अनमोल कहानियाँ सन् 1929 में प्रकाशित पाँच फूल प्रेमचन्द की ऐसी कहानियों का संग्रह है जो जीवन के विविध पहलुओं को मार्मिक और यथार्थवादी ढंग से सामने लाती हैं। इसमें शामिल पाँच कहानियाँ— 1. कप्तान-साहब – सामाजिक प्रतिष्ठा और दिखावे की मानसिकता पर गहरी चोट। 2. स्तीफ़ा – सत्ता स्वार्थ और नैतिक दायित्व के बीच जूझते चरित्र की कथा। 3. जिहाद – धर्म और मानवता की जटिलताओं को उजागर करती संवेदनशील रचना। 4. मंत्र – अंधविश्वास और विश्वास के संघर्ष में मानवीय संवेदना की खोज। 5. फ़ातिहा – जाति-पाँति आडंबर और करुणा की सशक्त व्याख्या। इन पाँचों कहानियों में प्रेमचन्द ने भारतीय समाज की कड़वी सच्चाइयों मानवीय संवेदनाओं और नैतिक प्रश्नों को सहज भाषा में प्रस्तुत किया है। पाँच फूल केवल कहानियों का संग्रह नहीं बल्कि भारतीय समाज और मनोविज्ञान का सजीव दस्तावेज़ है जो आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना अपने समय में था।