Quarter of my Diary - As Life Happened


Delivery Options
Please enter pincode to check delivery time.
*COD & Shipping Charges may apply on certain items.
Review final details at checkout.

LOOKING TO PLACE A BULK ORDER?CLICK HERE

About The Book

जब मैने या फिर आप ने पहली बार स्कूल गेट के इस तरफ से उस तरफ अपने कदम रखे थे तो मन मे सिर्फ एक डर था की आज के बाद शायद मम्मी पापा कभी हमे लेने वापस आएंगे हि नहीं हमने एक बार भी ऐसा नहीं सोंचा था के उसी स्कूल मे हमे हमारे सबसे खास दोस्त मिलेंगे सबसे प्यारे दुश्मन मिलेंगे स मुस्कराती हुई ज़िंदगी मिलेगी मुँह चिढ़ाती हुई परेशानियां साथ ही हमेशा के लिए सांथ रहजाने वाला प्यार मिलेगा और हम जिस स्कूल मे दाखिल होते हुए दहाड़ें मार मार कर रो रहे हैं एक दिन उसी स्कूल की तस्वीरों को मन मे टटोल कर उन यादों की याद मे मुस्कराएंगे । आरू याने आरव द्विवेदी ने अपनी ज़िंदगी से अबतक सिर्फ यही सीखा है के LIFE IS NOT WHAT YOU PLAN TODAY LIFE IS WHAT END'S UP HAPPENING TOMORROW. अगर सीधे सीधे कहें तो life is what end's up happening. ये डायरी है आरू की और कहानी हम सभी की जहां दोस्ती और प्यार का मतलब ही ज़िंदगी है। लेकिन मुझमे आरू / आरव मे और आप मे एक बात है जो बुल्कुल एक जैसी है वो ये के अपने एक हांथ से ज़िंदगी ने जो रिश्ते हमे दिये थे उन्हे दोनो हाथों से छीन कर ज़िंदगी ने अपना चेहरा हम से फेर लिया। आरू की डायरी का जितना हिस्सा मुझे मिला वो आपके पढ़ने के लिए मौजूद है। अगर आप पढ़ें तो किसी से जा कर आरू की personal बारें share ना कर दीजियेगा । बुरी बात होती है।
Piracy-free
Piracy-free
Assured Quality
Assured Quality
Secure Transactions
Secure Transactions
Fast Delivery
Fast Delivery
Sustainably Printed
Sustainably Printed
downArrow

Details