रक्त ध्वज शीर्षक से अज्ञात लेखक द्वारा 1931 में लिखा गया। यह नाटक क्रान्तिकारी मुत्तिफ़ आन्दोलन पर आधारित है और इस पुस्तक में संकलित किया गया है। यही इस पुस्तक का शीर्षक भी है। जब्त संग्रह के अध्ययन के दौरान मैंने अनुभव किया कि भारत में 1905 से लेकर और विशेषकर 1919-21 व 1931-32 में राजनीतिक सरगर्मियों पर सबसे अधिक साहित्य रचा गया। इसने आजादी के संघर्ष को धार देने में विशिष्ट भूमिका निभाई।