यह उपन्यास सत्य घटना पर आधारित है और मलखान सिंह डाकू की डायरी पर आधारित है। डाकू मलखान अपने समय का खूखार डकैत था। वह अपनी डायरी लिखा करता था जब बीहड़ों में पुलिस मुठभेड में वह मारा गया तो पुलिस के हाथ उसकी डायरी लगी जिसके आधार पर इस उपन्यास की रचना की गयी है। यह बेहद ही रोचक उपन्यास है।.
Piracy-free
Assured Quality
Secure Transactions
Delivery Options
Please enter pincode to check delivery time.
*COD & Shipping Charges may apply on certain items.